क्या आपने कभी सोचा है कि अंटार्कटिका की मोटी बर्फ की चादर के नीचे क्या छिपा हो सकता है? वैज्ञानिकों ने हाल ही में इस बर्फीले महाद्वीप के नीचे एक अविश्वसनीय, छिपा हुआ संसार खोजा है, जो किसी साइंस फिक्शन फिल्म से कम नहीं लगता! यहां विशाल पर्वत श्रृंखलाएं, गहरी घाटियां और यहां तक कि सक्रिय ज्वालामुखी भी बर्फ के नीचे दबे हुए हैं। ये अद्भुत भू-आकृतियां सतह से दिखाई नहीं देतीं, लेकिन रडार और सैटेलाइट इमेजिंग जैसे खास उपकरणों ने इस छिपे हुए रहस्य को उजागर किया है।जारों सालों से ये रहस्य बर्फ की मोटी परतों के नीचे दबे हुए थे, जो अब जाकर सामने आ रहे हैं।
बर्फ के नीचे छिपी पर्वत श्रृंखलाएं
एक बड़ी खोज है गैम्बर्टसेव पर्वत श्रृंखला (Gamburtsev Mountain Range), जो आल्प्स पहाड़ों जितनी विशाल है। यह पूरी पर्वत श्रृंखला बर्फ के नीचे पूरी तरह से दबी हुई है, फिर भी यह 1,200 किलोमीटर से अधिक क्षेत्र में फैली हुई है। वैज्ञानिकों का मानना है कि ये पहाड़ एक अरब साल से भी पहले बने थे और हो सकता है कि इन्होंने आधुनिक बर्फ की चादर के आकार को बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई हो। यह सोचकर ही आश्चर्य होता है कि हमारे पैरों के नीचे इतनी बड़ी और पुरानी पर्वत श्रृंखला छिपी हुई है!
अंटार्कटिका के गुप्त ज्वालामुखी
अंटार्कटिका की बर्फ के नीचे कई ज्वालामुखी भी पाए गए हैं। इनमें से सबसे प्रसिद्ध माउंट एरेबस (Mount Erebus) है, जो रॉस द्वीप पर एक सक्रिय ज्वालामुखी है। लेकिन वैज्ञानिकों ने पश्चिमी अंटार्कटिका में बर्फ के नीचे लगभग 138 अन्य ज्वालामुखी खोजे हैं, जिनमें से कुछ संभवतः अभी भी सक्रिय हैं। इस क्षेत्र को पृथ्वी पर सबसे अधिक ज्वालामुखीय रूप से सक्रिय स्थानों में से एक माना जाता है। कल्पना कीजिए, बर्फ के नीचे इतने सारे ज्वालामुखी, जो कभी भी फट सकते हैं! यह हमें पृथ्वी की आंतरिक शक्ति की याद दिलाता है।
बर्फ के नीचे की झीलें: जीवन की संभावना
बर्फ के नीचे, वोस्तोक झील (Lake Vostok) जैसी कई उप-ग्लेशियल झीलें भी हैं, जो सबसे बड़ी झीलों में से एक है। ये झीलें पृथ्वी की गर्मी और ऊपर से पड़ने वाले बर्फ के दबाव के कारण तरल अवस्था में रहती हैं। ये झीलें अरबों वर्षों से बाहरी दुनिया से कटी हुई हैं, जिससे वैज्ञानिकों को यह जानने का मौका मिलता है कि क्या इनमें ऐसा कोई जीवन मौजूद है जो पृथ्वी पर कहीं और नहीं पाया जाता। यह खोज हमें ब्रह्मांड में जीवन की संभावनाओं पर भी सोचने पर मजबूर करती है।
यह खोज क्यों महत्वपूर्ण है?
यह छिपा हुआ परिदृश्य अभी भी खोजा जा रहा है। यह वैज्ञानिकों को कई महत्वपूर्ण सवालों के जवाब देने में मदद करता है:
- पृथ्वी का भूवैज्ञानिक इतिहास: यह हमें पृथ्वी के भूवैज्ञानिक इतिहास और महाद्वीपों के निर्माण के बारे में नई जानकारी देता है।
- जलवायु परिवर्तन का अध्ययन: बर्फ के नीचे के ज्वालामुखी और झीलें यह समझने में मदद करती हैं कि बर्फ की चादरें कैसे बनती और पिघलती हैं, जो जलवायु परिवर्तन के अध्ययन के लिए महत्वपूर्ण है।
- बाह्य-स्थलीय जीवन की खोज: बर्फ के नीचे की इन झीलों में मौजूद संभावित जीवन हमें यह सोचने पर मजबूर करता है कि क्या सौर मंडल के अन्य बर्फीले चंद्रमाओं (जैसे बृहस्पति का यूरोपा या शनि का एन्सेलेडस) पर भी जीवन हो सकता है।
अंटार्कटिका का यह छिपा हुआ संसार हमें दिखाता है कि हमारी अपनी पृथ्वी पर भी कितने रहस्य छिपे हुए हैं, और विज्ञान हमें उन रहस्यों को उजागर करने में कैसे मदद करता है। यह वाकई अविश्वसनीय है!
चीन ने बनाया परमाणु बैटरी : क्या होगा 2025 में दुनिया पर इसका असर